NDA Meeting : लोकसभा चुनाव में बहुमत हासिल करने के बाद आज दिल्ली में एनडीए के संसदीय बोर्ड की बैठक संपन्न हुई। इस बैठक में नरेंद्र मोदी को एनडीए संसदीय दल का नेता चुन लिया गया। बीजेपी चूंकि इस बार बहुमत का आंकड़ा नहीं जुटा पाई है, इसलिए सरकार गठन के लिए उसे टीडीपी और जेडीयू के साथ-साथ अन्य सहयोगी दलों के सहारे रहना होगा।
सरकार में टीडीपी और जेडीयू को कौन-कौन से मंत्रालय मिलते हैं, इसे लेकर भी सियासी चर्चाएं तेज हैं। एनडीए की बैठक में नेता चुने जाने के बाद 9 जून को नरेंद्र मोदी अपने तीसरे कार्यकाल के तहत प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे। इसके अलावा बीजेपी ने आज दिल्ली में अपने सभी मुख्यमंत्रियों और उप-मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाई है। बैठक के दौरान लोकसभा चुनाव में पार्टी के प्रदर्शन को लेकर समीक्षा होगी ।
बैठक में बोलते हुए बिहार के मुख्यमंत्री और JDU नेता नीतीश कुमार ने कहा, "हमारी पार्टी JDU, भाजपा संसदीय दल के नेता नरेंद्र मोदी को भारत के प्रधानमंत्री पद के लिए समर्थन देती है. यह बहुत खुशी की बात है कि 10 साल से ये पीएम हैं और फिर पीएम होने जा रहे हैं. इन्होंने पूरे देश की सेवा की है और उम्मीद है कि अगली बार सब पूरा कर देंगे. हम लोग पूरे तौर पर सब दिन इनके साथ रहेंगे. हमें लगता है कि अगली बार जब आएंगे तो कुछ सीट जो ये(विपक्ष) जीत गए हैं अगली बार सब हारेंगे.
TDP प्रमुख चंद्रबाबू नायडू ने कहा, "हम सभी को बधाई देते हैं, हमने शानदार बहुमत हासिल किया है। मैंने चुनाव प्रचार के दौरान देखा है कि 3 महीने तक पीएम मोदी ने कभी आराम नहीं किया। दिन-रात उन्होंने प्रचार किया। उन्होंने उसी भावना के साथ शुरुआत की और उसी भावना के साथ खत्म किया। आंध्र प्रदेश में हमने 3 जनसभाएं और 1 बड़ी रैली की और इसने आंध्र प्रदेश में चुनाव जीतने में बहुत बड़ा अंतर पैदा किया..."
एनडीए संसदीय दल की बैठक में नरेंद्र मोदी ने नतीजों को लेकर विपक्ष पर तंज कसा. उन्होंने कहा कि नतीजों के बाद हमने पूछा, ‘EVM जिंदा है या मर गया’. मगर EVM ने विपक्ष को चुप करा दिया. 4 जून को लोकतंत्र को घेरने की तैयारी थी. अब 5 साल तक EVM सुनाई नहीं देगा. विपक्ष निराशा लेकर मैदान में आया था.