पश्चिम बंगाल में रामनवमी के दिन जिस बात का डर सुबह से बना हुआ था। वही घटना शोभा यात्रा के बाद हो गई। कोलकाता में शोभा यात्रा से लौट रही गाड़ियों पर पथराव हो गया। बीजेपी नेता सुकांत मजूमदार ने दावा किया कि कोलकाता के पार्क सर्कस सेवन पॉइंट इलाके में रामनवमी की शोभायात्रा पर हमला किया गया। गाड़ियों के शीशे तोड़ दिए गए। पथराव से कार के शीश चकनाचूर हो गए।
मजूमदार के दावे को पुलिस ने किया खारिज
सुकांत मजूमदार ने कहा कि गाड़ियों को केवल इसलिए निशाना बनाया गया क्योंकि गाड़ियों में भगवा झंडे था। कोलकाता पुलिस ने सुकांत मजूमदार के दावे को सिरे से खारिज कर दिया है। कोलकाता पुलिस ने कहा कि ऐसी कोई घटना नहीं हुई है। हालांकि बीजेपी इस मामले में ममता सरकार पर गंभीर आरोप लगा रही है।
सुकांत मजूमदार ने एक्स पर लिखा, 'रामनवमी जुलूस के वापस लौटने पर कोलकाता के पार्क सर्कस सेवन पॉइंट इलाके में हिंदू श्रद्धालुओं पर हमला किया गया. भगवा झंडा लेकर चलने की वजह से वाहनों पर पत्थर बरसाए गए. विंडशील्ड तोड़ दिए गए. अराजकता फैलाई गई. यह लक्षित हिंसा थी और पुलिस कहां थी?'
मजूमदार ने एक्स पर लिखा, 'यह कायरतापूर्ण निष्क्रियता एक बात साबित करती है. रामनवमी के दौरान एकजुट बंगाली हिंदुओं की दहाड़ ने व्यवस्था को हिलाकर रख दिया है. ममता की लाड़ली “शांति वाहिनी” शांत नहीं है - वे घबराए हुए हैं. घबराए हुए हैं. भयभीत हैं! यह तो बस शुरुआत है. हम कोलकाता से वादा करते हैं- अगले साल, इससे भी बड़ा, जोरदार और शक्तिशाली रामनवमी जुलूस पार्क सर्कस से होकर निकलेगा और वही पुलिसवाले जो आज चुप रहे? वे हम पर फूल बरसाएंगे. इन शब्दों को याद रखें।