ब्यूरो रिपोर्ट, अश्विनी श्रीवास्तव
चित्रकूट। विकासखंड कर्वी क्षेत्र के ग्राम मकरी पहरा और भभौंर सहित कई गांवों में अन्ना गोवंश फसलों को बर्बाद कर रहे हैं, जिससे किसान परेशान हैं। किसानों का कहना है कि अन्ना गोवंश के लिए सरकार ने गोशालाएं बनवाई हैं, लेकिन इसके बावजूद गोवंश खुले में घूम रहे हैं। सरकार की योजनाओं और डीएम के आदेश को गांव के सचिव व ग्राम प्रधान सरनाम यादव, जो सपा नेता भी हैं, नजरअंदाज कर रहे हैं।
धान, मक्का, अरहर की फसल को खतरा, रात भर जागते किसान
किसानों के अनुसार उनके खेतों में धान, मक्का और अरहर जैसी फसलें खड़ी हैं, जिन्हें अन्ना गोवंश बर्बाद कर सकते हैं। खेतों की रखवाली के लिए किसान रात-रात भर जागते हैं, पर एक चूक उनकी पूरी मेहनत पर पानी फेर सकती है। अन्ना गोवंश का झुंड एक बार खेत में घुसकर कुछ ही देर में फसल चट कर जाता है। सड़कों और पुलों पर भी आवारा मवेशियों के झुंड खतरा बन चुके हैं।
गोशाला खाली, गोवंश के रखरखाव का पैसा बंदरबांट
गांव में बनी अस्थाई गोशाला में एक भी गोवंश नहीं है। ग्रामीणों का आरोप है कि गोवंशों की देखभाल के लिए सरकार द्वारा भेजी जा रही हर माह लाखों रुपए की राशि को ग्राम प्रधान और सचिव मिलकर हड़प रहे हैं। इसके कारण गोशाला सूनी पड़ी है और अन्ना मवेशी खेतों और सड़कों पर घूमने को मजबूर हैं।
किसानों का नुकसान, प्रशासन सो रहा है कुंभकरण की नींद
सोमवार रात गांव के किसान के खेत पर एक दर्जन से अधिक अन्ना गोवंशों के झुंड ने धावा बोलकर अरहर और बाजरा की फसल को बर्बाद कर दिया। किसानों को इन मवेशियों से अपनी फसलों का भारी नुकसान झेलना पड़ रहा है। प्रशासनिक अधिकारियों की उदासीनता के चलते किसान असुरक्षित महसूस कर रहे हैं और मांग कर रहे हैं कि प्रशासन जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान करे।
जिम्मेदारों की चुप्पी पर सवाल
गांव वालों का कहना है कि प्रशासन की चुप्पी से उनकी समस्याएं बढ़ती जा रही हैं। डीएम के आदेश भी ग्राम प्रधान सरनाम यादव और अन्य अधिकारियों के लिए कोई मायने नहीं रखते।